कंप्यूटर क्या है What is Computer in Hindi आज computer के बिना चलन बहुद मुश्किल के काम है। आज  य संसार में scince और तकनीक का युग है। Computer भी scince और प्रौद्योगिकी का एक अभिन्न अंग हैं। Computer ने विज्ञान और तकनीक की दुनिया को और व्यापक बना दिया है। आज Computer के उपयोग ने कई कठिन kam को आसानी से और जल्दी से करना संभव बना दिया है। जानते कंप्यूटर क्या है What is Computer in Hindi

Cकंप्यूटर क्या है What is Computer in Hindi me जानकारी जरूर होना चाहिए। Computer शब्द latin शब्द COMPUTARE से आया है। इसका अर्थ है गणना करना। हम इसे निम्न तरीके से परिभाषित कर सकते हैं।

एक Computer एक इलेक्ट्रॉनिक device है जो users के order के अनुसार उच्च गति पर, जल्दी, जल्दी और सही तरीके से कार्य करता है। चलिए जन्नते Computer क्या है ? Computer के बारे मे जानकारी

 

 

Computer क्या है What is Computer in Hindi

 

automatic-  एक बार Computer को डेटा या निर्देश देने के बाद, स्वचालित काम करना शुरू कर देता है। इसके लिए काम करने के लिए, deta और program को Computer पर colect  किया जाना चाहिए। उदाहरण बैंक और वित्तीय संस्थान, दूरसंचार निगम और बिजली प्राधिकरण हैं।

speed – Computer आज एक पल में सबसे कठिन work को भी पूरा कर सकते हैं। यह लाखों order का पालन करके काम करता है। इसकी working क्षमता को आमतौर पर मिली सेकंड, माइक्रो सेकंड, नैनो सेकंड, पीक सेकंड आदि की इकाइयों में मापा जाता है।

storage – Computer आंतरिक और बाह्य रूप से लाखों deta colect कर सकते हैं, जिसका उपयोग हम आवश्यकता पड़ने पर कर सकते हैं। इंटरनल storage का मतलब है hard disk, RAM आदि जबकि एक्सटर्नल स्टोरेज का मतलब है फ्लॉपी डिस्क, सीडी, पेन ड्राइव, जिप ड्राइव आदि। कंप्यूटर क्या है What is Computer in Hindi

 

Computer का इतिहास – Computer र का इतिहास

 

विभिन्न stape करके हम आज जिस Computer का use करते हैं | यह उन stape में विभिन्न वैज्ञानिकों के योगदान से संभव हुआ है। Computer का विकास जो धीरे-धीरे वर्तमान दिन में सुधार हुआ है | आजा के अबस्था में हम जो Computer प्रयोग करत है उस स्तर पर पहुंचना कितन मुश्किल और किसका योगदान है जानन जरूर है |

abacus –  ​​लगभग 5500 साल पहले, इस device का उपयोग जोड़, घटाव, गुणन और विभाजन के लिए किया गया था। इससे लंबी और जटिल गणना आसानी से की जा सकती थी। उस time इसका use चीन, रोम और जापान के व्यापारी करते थे।

Logarithm Table: 1614 में, स्कॉटिश गणितज्ञ जॉन नेपियर बोन ने तेजी से गुणा तालिका का आविष्कार किया, इसलिए इसका नाम लॉगरिदम table पड़ा। Logarithm Table 1617 के आसपास table नेपियर बोन नामक लकड़ी से बना था।

 

Slide Rule –  जॉन मस्ट्रेड, एक ब्रिटिश वैज्ञानिक जॉन नेपियर द्वारा  1620 में आविष्कार किए गए लग्रिथम टेबल पर आधारित Slide Rule का आविष्कार किया था।

Pascaline:  19 वर्षीय फ्रांसीसी maths ने Pascaline नामक दुनिया की पहली गणना मशीन का निर्माण किया।

Leibnitzs Calculator –  1971 में, जर्मन गणितज्ञ  Gottrified wilhem von leibniz  ने पास्कल की गणना करने वाली device को स्टेप्ड रेकनर के रूप में विकसित किया। बाद में इसका नाम बदलकर Levnitz Calculator कर दिया गया।

 

Analytical Engine-   ब्रिटिश गणितज्ञ ने  1822 में, Charles babbage ने एक अंतर इंजन का आविष्कार किया। जिसमें memory unite या लेटर को स्टोर किया जा सकता है। उन्होंने 1833 में फिर से एनाटिकल  इंजन का आविष्कार किया था। वह {Binary Digit} की   विचार को पेश करने वाले पहले व्यक्ति थे। भले ही आज दुनिया में पांचवीं पीढ़ी का Computer आ रहा है, लेकिन इसका बाइनरी सिस्टम नहीं बदल सका है। यही कारण है कि उन्हें Computer विज्ञान का पिता कहा जाता है।

 

Lady Augusta-   लेडी ऑगस्टा  1848 में, बाबेजका Analytical की lady augusta द्वारा प्रोग्राम बनाके चलाने वाली ऊनि पहिली ब्यक्ति था।  वह एक ब्रिटिश गणितज्ञ थी। प्रोग्राम का नाम lady aususta ada lovelace था।

 

DR. Herman Hollerith – डॉ हरमन होलेरिथ, जो जर्मनी से संयुक्त राज्य ameraca में आ गए। हरमन ने 1880 की जनगणना के record बनाने वाले आदमी के साथ कई problem देखीं। DR. Herman Hollerith ने 1887 के आसपास एक punch card table मशीन बनाई, जो प्रति मिनट 200 punch card पढ़ सकती थी।

 

उन्होंने 1896 के आसपास टैबुलेटिंग मशीन कंपनी की भी स्थापना की। 1924 में इसी company ने दो अन्य कंपनियों के साथ मिलकर internationa buiness  मशीन (IBM) को जन्म दिया।  जो आज दुनिया की सबसे बड़ी और सबसे लोकप्रिय Computer निर्माता कंपनी है।

 

Electro Machanical Computer – एच इलेक्ट्रो मेकैनिकल Computer संयुक्त राज्य america  के  हावर्ड अकिन ने 1937 में बैबेज के तथ्यों के आधार पर MARK -1 नामक एक स्वचालित Computer का निर्माण करके चार्ल्स बैबेज के सपने को साकार किया था ।

 

mark -1 Computer बेहद भारी और बड़ा था। इसका वजन 32 टन है और यह 51 फीट लंबा, 3 फीट ऊंचा और 3 फीट चौड़ा है। Howard akin ने 1944 में फिर से mark -2 नामक एक Computer विकसित किया, मार्क -1 तुलनामे विकसित किया गया था।

 

 

Computer के प्रकार- Computer कितने प्रकार के होते 

 

एक प्रकार का Computer सभी प्रकार के कार्य नहीं कर सकता है। इसलिए विभिन्न प्रकार के कामों के लिए विभिन्न प्रकार के Computer बाजार में उपलब्ध हैं। size, brand और कार्य के अनुसार विभाजित किया होते हैं।

 

size के आधार में Computer के प्रकार – Types of computers by size

  •  main frame computer- main frame computer आकर मामले में बहुत बड़ा है। यह लगभग 1000 वर्ग फुट जगह घेरता है। इसमें एक बार में 100-200 लोग बैठ के देख सकते  हैं। इस Computer का उपयोग बड़ी परियोजनाओं में किया जाता है।

 

  • मिनी कंप्यूटर – यह Computer मेन फ्रेम कंप्यूटर माइक्रो Computer बड़ा है। इसमें 100 वर्ग fit  का क्षेत्र शामिल है। यह Computer 10-20 लोगों को काम पर लगा सकता है। india में भी इस Computer का उपयोग राष्ट्र बी, आशी विकास बैंक, india एयरलाइंस कॉरपोरेशन, बिजली प्राधिकरण आदि के कार्यालयों में किया गया है।

 

  • माइक्रो Computer –  इस Computer को micro Computer कहा जाता है।   क्योंकि यह micro चिप्स का उपयोग करके बनाया गया है। यह आकर के मामले में सबसे छोटा कंप्यूटर है। इसे पर्सनल Computer भी कहा जाता है। इसका उपयोग अब अत्यधिक होने लगा है। एक ही Computer का use कार्यालय, घर, व्यवसाय, स्कूल, कॉलेज आदि में use किया जा रहा है।

 

Computer के प्रकार – Types of computers in work base.

 

  • Analog Computer –  एनालॉग Computer यह Computer मुख्य रूप से तापमान, दबाव, वोल्टेज, करंट आदि को मापता है। एनालॉग Computer में वाहन, सीस्मोमीटर, CT स्कैन आदि से जुड़े miter शामिल हैं।

 

  • Digital Computer – डिजिटल Computer वाइनरी अंकों (0 और 1) पर आधारित Computer को digitel Computer कहा जाता है।  जो नंबर या अक्षर को पढ़न, लिखन या print कर सकता है। उसे digitel Computer कहा जाता है। यह आज दुनिया में सबसे ज्यादा इस्तेमाल किया जाने वाला Computer है।

 

  • Hybrid Computer – हाइब्रिड Computer एक एनालॉग Computer और उसी Computer द्वारा बनाए गए Computer पर काम करने के लिए बनाया गया एक डिजिटल Computer को हाइब्रिड Computer  कहा जाता है। इस Computer का उपयोग विशेष रूप से हवाई जहाज, रॉकेट, जहाज, बड़े कारखानों आदि में किया जाता है।

 

Types of computers in brand basis.-ब्रांड का आधार में Computer के प्रकार

 

विभिन्न model और company  के Computer आज बाजार में उपलब्ध हैं। इन सभी Computer को niche brand में विभाजित किया जा सकता है।

 

IBM – (IBM) international व्यापार मशीन (IBM) नामक company की स्थापना 1924 में संयुक्त राज्य america में हुई थी। इस company द्वारा निर्मित मेन फ्रेम, mini और micro Computer को IBM Computer कहा जाता है। इस company द्वारा निर्मित माइक्रो Computer को IBM पीसी कहा जाता है।

 

IBM Compatible– IBM कम्पेटिबल IBM Computer के सॉफ्टवेयर का उपयोग करके संचालित किए जा सकने वाले Computer को IBM कम्पेटिबल Computer कहा जाता है। ये Computer विभिन्न country में निर्मित होते हैं।

 

Apple / Macintosh– 1970 के दशक में संयुक्त राज्य americe में स्थापित, Apple Computer एक कंपनी है जो Computer उत्पादन करती है। कंपनी ने अपना हार्डवेयर और सॉफ्टवेयर भी बनाया और बाद में मैकिन्टोश नामक एक Computer banha hai.

 

 

model का आधार में Computer के प्रकार- Types of computers in model basis

 

model के अनुसार, Computer को तीन भागों में विभाजित किया गया है।

XT Extended Technology – एक्सटी model का मतलब है 8080, 8086 और 8086 micro प्रोसेसर का उपयोग करके micro Computer । ये कंप्यूटर  बड़ी और निम्न क्षमता के थे। आजकल इस Computer का उत्पादन बंद हो गया है।

 

AT Advanced Technology –  एडवांस्ड technology एटी model का मतलब है एडवांस technology में बनाया गया माइक्रो Computer 80286, 80386, 80486 और 80586 के micro प्रोसेसर का use कर। ये Computer ‘XT’ Computer की तुलना में डेटा को स्टोर करने में बहुत तेज़ और अधिक सक्षम हैं।

 

PS/2 Persona System-  पर्सनल सिस्टम -2  आईबीएम कंपनी द्वारा निर्मित माइक्रो Computer का तीसरा मॉडल 1990 में बाजार में आया। Computer सुविधाजनक और आकर्षक डिजाइन में उपलब्ध था। आज बाजार में उपलब्ध लैपटॉप Computer इसी मॉडल के अंतर्गत आते हैं। इस मॉडल का Computer सभी नए softwer चला सकता है, यह आजकल चलने वाला Computer है।

 

हार्डवयर – Hardware 

 

Computer के सभी भाग जिन्हें हम देख सकते हैं और Computer पर स्पर्श कर सकते हैं उनेह हार्डवेयर कहलाते हैं। इसमें मॉनिटर, कीबोर्ड, print,CPU, RAM, फ्लॉपी ड्राइव, heard disk, सीडी-रॉम, आदि शामिल हैं और उनके भीतर जुड़े सभी हिस्सों को हार्डवेयर कहा जाता है।

 

Computer संचालन के लिए सॉफ्टवेयर रखा जाना चाहिए। उसी सॉफ्टवेयर की मदद से Computer पर काम किया जाता है। Computer पर हार्डवेयर order का पालन करता है और दो का संयोजन से  विशेष परिणाम उत्पन्न करता है।

 

  • Input Unit-  इनपुट यूनिट कीबोर्ड, mouse, स्कैनर आदि deta का उपयोग करते हुए Computer पर कोई काम करते समय या Computer हार्ड disk, सीडी रॉम, पेन ड्राइव आदि पर कोई  program रखे जाते हैं।

 

इस तरह से संडेग्रहित deta को input कहा जाता है। इनपुट मीडिया जैसे हार्ड डिस्क, CD ram, PEN drive आदि को इनपुट मीडिया कहा जाता है जबकि INPUT मीडिया में डेdeta को स्टोर करने के लिए use किए जाने वाले डिवाइस को INPUT  डिवाइस कहा जाता है। जैसे:- कीबोर्ड, माउस, स्कैनर, डिजिटल केमरा आदि।

 

  • Keyboard – कीबोर्ड Computer पर किसी भी कार्य को करने के लिए keyboard के बिना लगभग असंभव है। तो कीबोर्ड Computer का एक अभिन्न अंग है। किसी भी work को चलाने के लिए, कोई भी deta बनाने, प्रोग्राम इंस्टॉलेशन के लिए keyboard की बहुत आवश्यकता होती है। आम तौर पर, तीन प्रकार के keyboard होते हैं 1. एटकेबोर्ड, 2. ओरिजिनल पीसी कीबोर्ड, 3. एनहैंस keyboard इसमें Mainkey, Numeric Key, Function Key और Operation Key शामिल हैं। जब हम keyboard का use करते हैं, तो हमें अपनी उंगलियों को एक निश्चित कुंजी पर रखना होगा और प्रेस करना होगा।

 

 

  • Mouse – माउस हमें Computer खोलते ही माउस की आवश्यकता होती है। program को खोलने, screen को left और right या ऊपर और नीचे ले जाने, एक program से दूसरे program में जाने और विभिन्न डिज़ाइन बनाने में माउस की भी विशेष भूमिका होती है। माउस 3 प्रकार के होते हैं। मैकेनिकल mouse, 2. ऑप्टोमैकेनिकल माउस 3. ऑप्टिकल mouse।

 

  • Scanner –  स्कैनर एक input डिवाइस है जो किसी भी पाठ, फोटो या पत्र की photo copy करता है और उसे Computer की मेमोरी unit में संग्रहीत करता है। आज बाजार में विभिन्न प्रकार के स्कैनर उपलब्ध हैं  १. ऑप्टिकल कैरेक्टर रीडर (OCR),  २. ऑप्टिकल मार्क रीडर (OMR)

 

Digital Camera – डिजिटल camera इस कैमरे के साथ ली गई तस्वीरों को digital प्रारूप में Computer पर colect किया जा सकता है। इसे डाटा केबल और संबंधित softwar के साथ Computer पर भी कॉपी किया जा सकता है। इस कैमरे से ली गई तस्वीरों को आवश्यकतानुसार Computer पर भी एडिट किया जा सकता है।

 

  • Light pen-  लाइट pen  यह एक पेन के आकार का input डिवाइस है Computer की screen  को छू सकता है। पेंसिल की तरह दिखने वाला यह device एक तार से पूंछ से जुड़ा होता है। यह एक इलेक्ट्रॉनिक सेंसिटिव pen है जिसे लाइट पेन कहा जाता है।

 

  • Joystick – जॉयस्टिक यह भी एक पॉइंटिंग device है जो mouse की तरह काम करता है। इसका use Computer पर इलेक्ट्रॉनिक games खेलने के लिए किया जाता है। इसमें 2 बटन होते हैं। यह बटन पर click करके किया जाता है। जॉयस्टिक को Computer के मॉनिटर पर left या राइट में pointer घुमाकर इधर-उधर ले जाया जा सकता है।

 

  • Track Ball – track ball माउस के jaise कार्य करती है। आप इसे laptop, Computer के कीबोर्ड पर देख सकते हैं। कीबोर्ड पर एक नई गेंद रखी गई है। इसका उपयोग उपयोगकर्ता स्वयं screen पर pointer का उपयोग करने के लिए कर सकता है।

 

  • web cam –  वेब कैम  conect मॉनिटर आज बाजार में उपलब्ध हैं। इससे हम internet पर चैट करते हुए फिल्में और तस्वीरें बना सकते हैं। यह आपको chet करते हुए photos देखने की भी अनुमति देता है।

 

उप्पर दिया हुवा कंप्यूटर क्या है What is Computer in Hindi Computer के बारे मे जानकारी आप को कैसे लाग i hope आप इस पोस्ट पड़ने के बाद Computer क्या है ?

और Computer के प्रकार के बारेमे जानकारी मिला होगा।  कंप्यूटर क्या है What is Computer in Hindi सम्बन्ध में आप को कुछ पूछन है जरूर कमेंट करना।  Computer के प्रकार के बारेमे जानकारी दोस्त के साथ जरूर सेयर करना।

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